Monday, November 2, 2015

अदभुत, आकर्षक, अनूठा - ऑरविल सिटी का मातृ मंदिर


ऑरविल सिटी का मुख्य आकर्षण फरवरी 2008 में अदभुत मातृ मंदिर का निर्माण पूरा हुआ। यह अपने देश के अनूठे आश्चर्यजनक स्थलों में गिना जा सकता है। इसका वास्तु अदभुत है। हालांकि इसके निर्माण की योजना 1971 में बनी थी। वास्तव में यह एक गोल सुनहला प्रार्थना कक्ष है। इस तरह इसके निर्माण में 37 साल का वक्त लगा। इस मंदिर की ऊंचाई 29 मीटर है। 

चारों तरफ 12 पंखुड़ियां - इसका वास्तुशिल्प को आप घंटों निहारते रह सकते हैं। इसमें चारों तरफ 12 पंखुड़ियां हैं। इसमें सुनहले गोल गोल डिस्क बने हैं। इससे सूर्य की रोशनी परावर्तित होकर अंदर पहुंचती है जो अदभुत वातावरण का सृजन करती है। यह विशाल अनुकृति चार स्तंभों पर खड़ी है। जो क्रमशः माहेश्वरी,  महाकालीमहालक्ष्मी और महा सरस्वती का प्रतीत है। मंदिर के आसपास के इलाके को प्रशांत क्षेत्र कहते हैं। इसके आसपास 12 बागीचों को निर्माण कराया गया है।

व्यू प्वाइंट से देखें नजारा -  आम दर्शकों को मातृ मंदिर एक व्यू प्वाइंट से ही देखने की इजाजत है। मातृ मंदिर तक जाने के लिए पहले स्वागत कक्ष में इसके बारे में 15 मिनट की एक फिल्म दिखाई जाती है। इसके बाद विजिटर पास जारी किए जाते हैं। मंदिर तक पहुंचने के लिए एक किलोमीटर की मनोरम यात्रा पैदल करनी पड़ती है। रास्ते में एक विशाल बरगद का पेड़ आता हैजिसकी कई सहायक जड़े जमीन से आकर जुड़ गई है। वापसी के लिए निःशुल्क शटल बस सेवा चलाई जाती है। आप चाहें तो इसका लाभ उठा सकते हैं। 

आम लोगों का प्रवेश नहीं -  मातृ मंदिर में आम लोग प्रवेश नहीं कर सकते हैं। अगर आपकी इस मंदिर के अंदर जाने की इच्छा है। तो आपका एक साक्षात्कार होगा। आपकी आध्यात्मिक चेतना का स्तर देखा जाएगा। अगर ऑरविल प्रशासन को आप उपयुक्त नजर आएंगे तो आपको यहां साधना करने की अनुमति मिल सकती है। 

खुलने का समय  - मातृ मंदिर रविवार की शाम को और मंगलवार को आम दर्शकों के लिए बंद रहता है। बाकी दिन सुबह 9.00 से 1.00 बजे और 2.00 से 4.30 बजे तक खुला रहता है। यहां तक पहुंचने के लिए पहले से बुकिंग जरूरी है। पर भीड़ नहीं होने पर तुरंत भी दर्शन का मौका मिल जाता है। बुकिंग के लिए इस नंबर पर संपर्क किया जा सकता है - 0413-2622204

ऑरविल इंटरनेशनल सिटी का अनूठा मातृमंदिर । 

कैसे पहुंचे – ऑरविल पुडुचेरी शहर से 15 किलोमीटर बाहर है। यहां पहुंचने के दो रास्ते हैं। पहला सुगम रास्ता टिंडिवनम हाईवे से होकर है। इस हाईवे पर टोल नाका पार करने के बाद दाहिनी तरफ जाने वाली सड़क ऑरविल की ओर जाती है। दूसरा रास्ता ईस्ट कोस्ट रोड से होकर है। यहां पांडिचेरी यूनीवर्सिटी से थोड़ा पहले बायीं तरफ मुड़ने पर कुछ किलोमीटर मनोरम रास्ते पर चलने के बाद ऑरविल सिटी में प्रवेश करते हैं। यहां आप अपने निजी वाहन बाइक कार आदि से जा सकते हैं। बड़ी बसें यहां नहीं जातीं। अधिकतम 35 सीटों वाली मिनी बसें को ही इस सिटी में आने की अनुमति है।
- विद्युत प्रकाश मौर्य - vidyutp@gmail.com 
( PUDUCHERRY, AUROVILLE, MAHARSHI ARVIND, MATRI MANDIR, TAMILNADU ) 

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