Monday, May 27, 2013

पोरबंदर की गुजराती थाली - मतलब छककर खाओ


गुजराती थाली मतलब छक कर खाओ पर पचाने के लिए जमकर साथ में पीओ छाछ। गुजरात शाकाहारी भोजन खास तौर पर गुजराती थाली के लिए जाना जाता है। हमने पोरबंदर स्टेशन पर उतरते ही स्टेशन गेट के बाहर दाहिनी तरफ एक वातानुकूलित रेस्टोरेंट में दिन में गुजराती थाली का आनंद लिया था। यहां 60 रुपये की फिक्स थाली थी। घी लगी चपाती, सब्जियां और छाछ आदि।

नीलेश भोजनालय - शाम खाना हमने काफी जांच पड़ताल करने के बाद एसटी रोड पर नीलेश भोजनालय में अपना डिनर करने को तय किया। इससे पहले कुछ और रेस्टोरेंट का जाकर मीनू देखा था। पर पता चला कि नीलेश भोजनालय यहां का लोकप्रिय रेस्टोरेंट है। यहां पर 70 रुपये की अनलिमिटेड थाली है। हमारे खाने की शुरुआत गेहूं की एक घी चुपड़ी मोटी रोटी के साथ हुई। उसके बाद चाहे जितनी मर्जी चपाती और चावल खाएं आप।

उन्होंने छाछ तो उन्होंने एक जग में लाकर रख दिया। आपकी मर्जी चाहे जितने ग्लास गटक जाओ। आनंद आ गया। नीलेश भोजनालय का डायनिंग हॉल साफ सुथरा है। इसके स्वामी जोशी जी हैं। उनसे काफी देर बातचीत भी हुई। यहां रोटी, पराठा, थेपला आदि भी खाने में मिलता है। गुजराती थाली तो इनकी विशेषता है ही।
वैसे पोरबंदर में मून पैलेस समेत कई और जगह गुजराती थाली खाई जा सकती है। सुबह हमने बापू के शहर में जलेबियों का भी स्वाद लिया। हालांकि यहां जलेबियां बनाकर जालीदार बर्तन में रख दी जाती हैं। कई दिनों तक ये बासी जलेबियां यूं ही बिकती रहती हैं। चलने से पहले नीलेश भोजनालय के पास एक अन्य रेस्टोरेंट में हमने पराठे खाए। 
पोरबंदर में अमूल आइसक्रीम नहीं मिलता -  मई महीने में ठीक ठाक गर्मी है। भोजन के बाद रात को अनादि ने आईसक्रीम खाने की जिद की। हमने पोरबंदर में अमूल का आइसक्रीम ढूंढना शुरू कियापर पता चला कि यहां कहीं भी अमूल का आइसक्रीम नहीं मिलता। आश्चर्य अमूल गुजरात का ही उत्पाद है पर यह गुजरात के पोरबंदर शहर में नहीं बिक रहा है। मजूबरन हमें दूसरा ब्रांड लेना पड़ा।  



---विद्युत प्रकाश मौर्य - vidyutp@gmail.com 
 ( NEELESH BHOJNALAYA, THALI, CHHACH,  PAPAD, THEPLA, ICE CREAM, PORBANDAR, GUJRAT)  

No comments:

Post a Comment