Friday, June 28, 2013

दीव - दोपहर में मैंगो शेक और समंदर के संगीत के संग डिनर

दीव के फोर्ट पर होटल डीपी में लंच। 
दीव में प्रवेश करते ही हमें भूख लगी थी, तो दोपहर के खाने के लिए हमलोग एक गार्डेन नुमा होटल डीपी में पहुंच गए। इनकी गुजराती थाली काफी अच्छी थी। खाकर मजा आ गया। 70 रुपये की लिमिटेड थाली। लेकिन खाना सुस्वादु और कई तरह की सब्जियों और छाछ के साथ।  दीव खाने पीने के लिए जाना जाता है। गुजरात में पूर्ण शराबबंदी लागू है। 

तो गुजरात के शराब पीने के शौकीन लोग दीव आना पसंद करते हैं। यहां शराब सस्ती भी है और अच्छी भी मिलती है। हालांकि दीव की सड़कों पर रात को शराब पीकर हरकत करते हुए लोग आपको नजर नहीं आएंगे। लिहाजा दीव परिवार के साथ घूमने वालों के लिए सुरक्षित है। शहर की कानून व्यवस्था चुस्त है। दीव पहुंचने पर हमने सबसे पहले मैंगो शेक का स्वाद लिया। गुजरात के केसर आम का मैंगो शेक।

मैंगो शेक का मजा - दोपहर के भोजन के बाद हमने मैंगो शेक का मजा लिया। फोर्ट रोड पर शेक बनाने वाले अपने बनारस के भाई निकले। वे बताते हैं कि हर साल छह महीने दीव में आकर दुकान लगाते हैं। बाकी के छह माह गांव में गुजारते हैं।  हम जिस होटल सम्राट में ठहरे थे उनका भी अपना रेस्टोरेंट अच्छा है।  लेकिन दीव का सबसे लोकप्रिय रेस्टोरेंट है अपना होटल। यह आवासीय होटल आलीशान का साथी होटल है।
दीव के होटल अपना में डिनर। 
अपना का रेस्टोरेंट मरीन ड्राइव पर है। यहां समंदर की लहरों के साथ खाने का आनंद दोगुना हो जाता है। हमें बैठने की जगह भी समंदर के तट पर छतरी के नीचे मिली। सुस्वादु गुजराती थाली और उसके साथ जगमगाते दीव का नजारा। पार्श्व में सुनाई देता समंदर की लहरों का संगीत। इससे खाने का स्वाद और बढ़ जाता है।

माधवी और वंश के लिए ये शाम यादगार रही। आसपास के टेबल पर गुजराती, मराठी, पंजाबी परिवार दीव की शाम का आनंद उठा रहे थे। यहां पर हमारा परिचय एक गुजराती भाई से हुआ। वे अपने परिवार के साथ दीव घूमने आए हैं। उनकी आनंद में पापड़ बनाने की फैक्ट्री है। बताते हैं कि वे पापड़ का एक्सपोर्ट करते हैं। 

इसी तरह हमारे सम्राट होटल में स्विमंग पुल में एक गुजराती एनआरआई दंपत्ति मिले। वे हर साल लंदन से एक महीने के लिए अपने देश आते हैं। बताते हैं 15 दिन तो अपने गांव में रहता हूं। बाकी 15 दिन इसी सम्राट होटल में। उनकी उम्र 60 के पार है पर वे हर रोज स्विमिंग पुल में घंटो तैराकी करते हैं। मुझे तैरना नहीं आता। पर उन्होने कहा अगर आप हफ्ते भर हमारे साथ रहें तो तैरना सीखा दूंगा। 

दीव में हमारा प्रवास सिर्फ दो दिन का रहा। होटल सम्राट को छोड़ने की इच्छा नहीं हो रही थी। खास कर इसके स्विमंग पुल के कारण। हमने दो दिन में चार बार स्विमिंग पुल में स्नान किया। हालांकि यहां कई दिन रहने का मौका मिले तो ज्यादा मजा आता। कोई बात नहीं फिर कभी सही। मौका मिला तो आएंगे इस हसीन राज्य दीव में।  


-    - विद्युत प्रकाश मौर्य - vidyutp@gmail.com    
( (DIU, APNA HOTEL, MANGO SHAKE )

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